राज्य
सिवान के 133 मौजों का कैडस्ट्रल खतियान का रिकॉर्ड गायब, राजस्व विभाग ने जनता से मांगी मदद
जिले के करीब 133 मौजा का कैडस्ट्रल सर्वे खतियान उपलब्ध नहीं होने से भूमि से जुड़े मामलों के निपटारे में परेशानी बढ़ रही है। जमीन की वंशावली, पुराने स्वामित्व, सीमांकन, बंटवारा और म्यूटेशन जैसे मामलों में सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज माने जाने वाले खतियान के अभाव में आम रैयतों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थिति को देखते हुए राजस्व विभाग ने आम लोगों से अपील की है कि जिन रैयतों के पास पुराने कैडस्ट्रल खतियान की प्रति उपलब्ध है, वे उसकी छायाप्रति संबंधित अंचल कार्यालय या जिला अभिलेखागार में जमा कराएं।
विभाग ने जिला प्रशासन को निर्देश दिया है कि प्राप्त खतियानों को सुरक्षित तरीके से संरक्षित किया जाए। साथ ही इन पुराने अभिलेखों की डिजिटल कॉपी तैयार कर सुरक्षित रखने की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में भूमि विवादों के समाधान में सहायता मिल सके।
जिला राजस्व शाखा से मिली जानकारी के अनुसार, सबसे अधिक मौजा के खतियान रघुनाथपुर अंचल के अनुपलब्ध हैं। यहां 17 मौजा का कैडस्ट्रल सर्वे खतियान विभाग के पास नहीं है। इसके बाद भगवानपुर हाट अंचल के 16, दारौंदा और महाराजगंज अंचल के 15-15 मौजा के अभिलेख नहीं मिल रहे हैं।
इसी तरह सिसवन अंचल के 10, दरौली के नौ, आंदर और गोरेयाकोठी के आठ-आठ, गुठनी के सात, मैरवा और नौतन के पांच-पांच, बड़हरिया और जीरादेई के चार-चार, हसनपुरा के तीन, पचरूखी और सिवान सदर के दो-दो तथा बसंतपुर, हुसैनगंज और लकड़ी नबीगंज अंचल के एक-एक मौजा का खतियान उपलब्ध नहीं है।
भूमि स्वामित्व का आधार है कैडस्ट्रल खतियान:
एडीएम राजस्व प्रमोद कुमार ने बताया कि कैडस्ट्रल खतियान को जमीन के मूल स्वामित्व का सबसे पुराना और महत्वपूर्ण दस्तावेज माना जाता है। पुराने समय में किए गए सर्वे के आधार पर तैयार इस रिकार्ड में भूमि मालिक का नाम, जमीन का क्षेत्रफल और अन्य जरूरी विवरण दर्ज होते हैं।
न्यायालय में चल रहे कई भूमि विवादों, सीमांकन, बंटवारा और स्वामित्व संबंधी मामलों में इसी रिकार्ड को आधार बनाया जाता है।
अभिलेख उपलब्ध नहीं रहने से भूमि विवादों के निपटारे में देरी होती है और रैयतों को अपने अधिकार साबित करने में परेशानी आती है। इसी को देखते हुए प्रशासन पुराने खतियानों को जुटाने और उन्हें डिजिटल रूप से सुरक्षित रखने की दिशा में कदम उठा रहा है।
-
देश7 months ago‘न्याय के साथ विकास’ से ‘Ease of Living’ तक: बिहार को विकसित राज्यों की अग्रिम पंक्ति में लाने का संकल्प – मुख्यमंत्री नीतीश कुमार
-
विदेश7 months agoफर्जी डिग्री रैकेट पर ऑस्ट्रेलिया में हंगामा, भारतीय कार्रवाई का हवाला देकर सीनेटर मैल्कम रॉबर्ट्स ने छात्र वीज़ा सिस्टम पर उठाए सवाल
-
देश6 months ago2027 चुनाव से पहले पंजाब सीएम भगवंत मान का बड़ा राजनीतिक दांव
-
बिहार-झारखंड7 months agoखाद कालाबाजारी पर बिहार सरकार का सख्त एक्शन, ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति लागू: कृषि मंत्री
-
उत्तर प्रदेश7 months agoपूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर की जेल में बिगड़ी तबीयत, देवरिया से गोरखपुर मेडिकल कॉलेज रेफर
-
देश7 months agoराष्ट्रपति द्रौपादी मुर्मु का अमृतसर साहिब में भव्य स्वागत, CM भगवंत मान ने सिख मर्यादा व संस्कृति के संरक्षण का दिया संदेश
-
पंजाब6 months agoमीडिया पर दबाव के आरोप, पंजाब की राजनीति में बढ़ा विवाद
-
दिल्ली6 months agoपंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान आज अमित शाह से करेंगे मुलाकात, अहम मुद्दों पर होगी चर्चा



